By : Abhishek Mishra   |   21-11-2018    |    Views : 0005199



सुषमा नहीं लड़ना चाहतीं चुनाव, बीमारी के बहाने कहीं वेदना तो नहीं?


विदेश मंत्री और भाजपा की कद्दावर नेता, एमपी के विदिशा से सांसद सुषमा स्वराज ने कहा है कि वह अगला लोकसभा चुनाव नहीं लड़ना चाहतीं. लेकिन पार्टी फैसला करती है तो वह इस पर विचार करेंगी. इसके बाद सवाल उठने लगे हैं कि वह अपनी बीमारी की वजह से ऐसा कह रही हैं या कोई और पीड़ा है.
एक ट्वीट के जवाब में उन्होंने कहा कि वह सक्रिय राजनीति नहीं छोड़ रही हैं, स्वास्थ्य संबंधी कारणों से वह चुनाव नहीं लड़ना चाहतीं. ट्वीट कर अपनी समस्या बताने वालों की मदद करके सुषमा ने एक नजीर स्थापित की थी. 2016 में एम्स में उनका किडनी ट्रांसप्लांट किया गया था. महीनों तक वह कामकाज से दूर थीं लेकिन ट्विट करने वालों को तब भी मदद मिलती रही.  फिर उन्होंने इतना बड़ा फैसला कैसे ले लिया. वह भी पार्टी से बिना पूछे और बिना बताए. इसके पीछे स्वास्थ्य कारण ही हैं या कुछ और.. 
जेपी आंदोलन से अपना राजनैतिक सफर शुरू करने वाली सुषमा स्वराज 25 साल की उम्र में हरियाणा के देवीलाल मंत्रिमंडल में मंत्री बन गई थीं. 80 के दशक में भाजपा के गठन के दौरान वह भाजपा में शामिल हो गईं. इसके बाद उन्होंने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा. वह दिल्ली की मुख्यमंत्री भी बनीं. सुषमा 2009 से 2014 तक लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष रहीं.