By : Rajnish Kumar   |   16-10-2018    |    Views : 000176



आस्था के साथ व्यवसाय का रूप ले चुका दुर्गा जागरण


आज से चार दशक पहले मां वैष्णो के चरणों में अरदास लगाने के लिए माँ के जगराते पंजाबी घरों में होते थे। यह समय ऐसा था, जब जागरण पार्टियां सीमित थीं। जिस भी श्रद्धालु भक्त को माँ का जगराता अपने घर पर कराना होता था वो जागरण पार्टी के मुखिया से संपर्क करता और उसे अपने घर में जगराता करने के लिए निमंत्रण देता था।